विज्ञप्ति:-प्रदेश अध्यक्ष मानवाधिकार ब्यूरो उत्तराखंड एडवोकेट नवीन कुमार जैन के तत्वावधान में भारतीय राष्ट्रगान व बंगला राष्ट्रगान के रचयिता श्रद्येय रवींद्रनाथ टैगोर की पुण्यतिथि पर कैम्प कार्यलय बूथ 112 तहसील परिसर में कार्यक्रम आयोजित कर भाजपा कार्यकर्ताओं व अधिवक्ता साथियों साथ उनके चित्र पर पुष्माला व पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धाजलि दी गई इस अवसर पर भाजपा मंडल उपाध्यक्ष सुभाष गंज एड. नीलकमल शर्मा ने श्रद्येय रवींद्रनाथ टैगोर के जीवन शैली पर वक्तव्य रख विचार व्यक्त करते हुए कहा कि विश्वविख्यात कवि व दार्शनिक व साहित्यकार रवींद्रनाथ टैगोर का जन्म 7 मई 1861 को कोलकाता में हुआ था श्रद्येय टैगोर ने बांग्ला साहित्य के मध्यम से भारतीय संस्कृति में नई चेतना भूक कर नए युग का आरंभ किया था उन्हें 1913 में साहित्य नोबेल पुरस्कार विजेता घोषित किया गया था ब्यूरो अध्यक्ष एड नवीन कुमार जैन ने कहा कि श्रद्ये टैगोर जी ने राष्ट्र को दो रचना रच भारतीय राष्ट्रगान जन गण मन व बांग्लादेश राष्ट्रगान आमार सोनार बांग्ला राष्ट्रगान दिया था हमसब को देश की नई पीढ़ी को उनके आदर्शों व सिद्धांतो की गाथा सुना कर उनके पदचिन्हों पर चलने की शपथ दिलानी चाहिए श्रद्ये रवींद्रनाथ टैगोर जी 7 अगस्त 1941 को लंबी बीमारी कारण देश से विदा ले गए थे इस अवसर पर अधिवक्ता सुनील कुमार गोयल,रामगोपाल शर्मा,अनुज आत्रेय,सुधीर चौधरी, सचिन गोंड़वाल, राजेश वर्मा,ब्रजेश सैनी,अभिनव गोयल,मास्टर यतींद्र सैनी, मोनू कशयप,नीरज कपिल आदि मौजूद रहे।




