सडको के किनारे बने वेंकट हाल बन रहे हैं आम जनता के लिए मुसीबत l
बहादराबाद 11 फरवरी ( महिपाल )
आधुनिकता के दौर में शादियों का चालान बदल गया है, पहले शादी के लिए गाँव में बारात को धूमधाम के साथ निकला जाता था लेकिन गाँव में शादी के लिए जगह की कमी ने वेंकट हाल को शादी का मंडप बना दिया l लेकिन सड़कों के किनारे बने वेंकट हाल एक और जहाँ बारा तियों के लिए दुर्घटनाओ का कारण बनता जा रहा है दुसरी और सड़कों के आसपास रह रही आबादी के लिए मुसीबत बन रहा है, शादियों का बदलता स्वरुप बारात की चढत को न केवल जनता को मुसीबत में डाल रहा है दूसरी और देर रात तक सड़कों पर डांस करने वालों को दुर्घटनाओ का शिकार बना रहा है l बीती रात ऐसा हो एक मामला बहादराबाद क्षेत्र में सामने आया जब धनोरी रोड पर खेड़ली के पास बने सरदार सिंह फार्म हॉउस में बेलड़ा से आई बारात में घुड़ चढ़ी के दौरान सडक पर नाच रहे बारतियों पर एक इसकार्पियो चढ़ गई और दर्ज़नो बारतियों को रोंद दिया जिसमें बैंड बाज़ाने वाले लक्सर निवासी सागर की मौत हो गई तथा 31 से अधिकबारती गंभीर घायल हो गए हैं l
उल्लेखनीय है कि इन दिनों शादी में बारात की घुड़ चढ़ी देर रात शुरू की जाने लगी है जबकि रात 10 बजे के बाद बैंड बाज़ो और पटाखों पर प्रतिबन्ध है परन्तु इसका कोई असर न तो बैंड बजे वालों, वेंकट हाल वालों और न ही बारतियों पर हो रहा है यही कारण है कि देर रात सड़कों पर तेज आवाज के साथ आतिशबाजी, डी जे, बैंड बाज़ो से सड़कों के निकट रह रहे लोगों के लिए मुसीबत बन रहा है, बारात का कार्यक्रम ही रात्रि 10 बजे से शुरू होकर देर रात तक कान फोड़ आवाज के साथ होता रहता है l
बहादराबाद में भेल तिराहे से रघुनाथ मॉल के बीच तीन वेंकट हाल हैं, जहाँ रात भर तेज आवाज के साथ बैंड बाज़ो के अतिरिक्त आतिशबाजी होने से यहाँ निवास कर रहे लोगों को रात भर जाग कर शोरगुल के बीच रहने को मज़बूर होना पड़ रहा है जिससे छोटे बचे, बीमार वृद्ध, और सुबह अपने काम पर जाने वाले कामगारो को दिक्कते आ रही हैं लेकिन न तो पुलिस और न ही वेंकट हाल वाले लोगों की दिक्कतों पर ध्यान दे रहे हैं और न ही प्रशासन की और से लागू नियमों को पालन करने का कोई प्रयास कर रहे हैं l अभी बच्चों की बोर्ड परीक्षाए आरम्भ होने जा रही हैं जिसमें बारातियों के बंदबाज़ो के शोर से छात्रों की पढ़ाई प्रभावित होने का खतरा बन गया है l क्या पुलिस प्रशासन बच्चों की पढ़ाई में ा रही दिक्क़तो और जान्या के रात को चैन से सोने देने वालो पर कोई कार्यवाई करेगा?




