“रंगोत्सव 2026” के अंतर्गत भव्य कला प्रदर्शनी आयोजित, अमर शिल्पी डॉ. राम वी. सुतार को समर्पितमुजफ्फरनगरएस.डी. कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज के ललित कला (बीएफए) विभाग द्वारा “रंगोत्सव 2026” के अंतर्गत एक भव्य कला प्रदर्शनी एवं होली उत्सव का आयोजन किया गया। यह विशेष प्रदर्शनी देश के महान मूर्तिकार एवं पद्म भूषण से सम्मानित अमर शिल्पी डॉ. राम वी. सुतार को समर्पित रही। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रख्यात कलाकार एवं लेखक डॉ. आर. ए. अग्रवाल (डी.लिट.), पूर्व विभागाध्यक्ष, मेरठ कॉलेज मेरठ, द्वारा दीप प्रज्वलन एवं फीता काटकर किया गया। विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. महावीर सिंह (सेवानिवृत्त विभागाध्यक्ष, डी.ए.वी. कॉलेज) एवं मैनेजमेंट कमेटी के सदस्य ध्रुव कुमार की गरिमामयी उपस्थिति रही। मुख्य अतिथि डॉ. आर. ए. अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहा कि मुजफ्फरनगर जनपद में कला के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। उचित मार्गदर्शन और मंच मिलने पर युवा कलाकार प्रदेश और देश का नाम रोशन कर सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों की कलाकृतियों में मौलिकता, सृजनात्मकता और समसामयिक विषयों की स्पष्ट झलक की सराहना की। विशिष्ट अतिथि डॉ. महावीर सिंह ने कहा कि कला केवल रंगों और रेखाओं का संयोजन नहीं, बल्कि समाज का दर्पण है। उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन, निरंतर अभ्यास और समर्पण के साथ अपनी रचनात्मक पहचान विकसित करने का संदेश दिया। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. संदीप मित्तल ने स्वागत भाषण में कहा कि कला समाज की आत्मा है, जो सकारात्मक चिंतन और संवेदनशीलता को प्रोत्साहित करती है। उन्होंने डॉ. राम वी. सुतार के योगदान को प्रेरणास्रोत बताया। प्रदर्शनी में मुजफ्फरनगर, शामली, सहारनपुर और मेरठ जनपद के कलाकारों व विद्यार्थियों ने सहभागिता की। विद्यार्थियों ने पेंटिंग, स्केचिंग, ड्राइंग, इंस्टॉलेशन आर्ट एवं होली विषयक रचनात्मक कार्ड्स प्रस्तुत किए। विशेष रूप से सामाजिक समरसता और पर्यावरण संरक्षण पर आधारित इंस्टॉलेशन कला आकर्षण का केंद्र रही। विद्यार्थियों ने “क्राइम सिटी” जैसी नकारात्मक छवि को “कलर सिटी” में बदलने का संदेश देते हुए जनपद को कला नगरी के रूप में स्थापित करने का संकल्प व्यक्त किया। प्रतियोगिता परिणाम इस प्रकार रहे प्रथम पुरस्कार: महिमा देवी (चतुर्थ सेमेस्टर) द्वितीय पुरस्कार: अफीफा मलिक (षष्ठ सेमेस्टर) तृतीय पुरस्कार: मानसी सैनी (द्वितीय सेमेस्टर) सांत्वना पुरस्कार: प्राची एवं पारस (द्वितीय सेमेस्टर) सभी विजेताओं को मुख्य अतिथि द्वारा प्रमाण-पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए। प्रदर्शनी में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, अभिभावकों एवं गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लेकर विद्यार्थियों की प्रतिभा की सराहना की। विभाग के प्राध्यापकों एवं संयोजकों ने बताया कि इस प्रकार की प्रदर्शनी भविष्य में भी नियमित रूप से आयोजित की जाएगी, ताकि जनपद के कलाकारों को सशक्त मंच मिल सके। कार्यक्रम के अंत में आयोजन समिति द्वारा सभी अतिथियों, प्रतिभागियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया गया। “रंगोत्सव 2026” कला, संस्कृति और सृजनात्मकता का अनुपम संगम सिद्ध हुआ, जिसने विद्यार्थियों की प्रतिभा को मंच प्रदान करते हुए जनपद में कला के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण को प्रोत्साहित किया।




