जैन गर्ल्स पीजी कॉलेज में पीएचडी प्री-सबमिशन सेमिनार संपन्न
भारतीय समकालीन कला में लैंगिक असमानता के विषय पर कार्यक्रम का आयोजन
मुजफ्फरनगर
जैन गर्ल्स पीजी कॉलेज के चित्रकला विभाग में गुरुवार को शोधार्थी निशा रानी का पीएचडी प्री-सबमिशन सेमिनार सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। दोपहर 12 बजे आयोजित इस सेमिनार की अध्यक्षता महाविद्यालय की प्राचार्या प्रोफेसर सीमा जैन ने की। निशा रानी ने चित्रकला विभागाध्यक्ष प्रोफेसर वंदना वर्मा के निर्देशन में अपना शोध कार्य पूरा किया है। शोध का विषय भारतीय समकालीन कला में लैंगिक असमानता (उत्तर प्रदेश के संदर्भ में) रहा। शोधार्थी ने पावरपॉइंट प्रस्तुति के माध्यम से अपने शोध के प्रमुख निष्कर्षों एवं विश्लेषण को अत्यंत प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। प्राचार्या प्रो. सीमा जैन ने शोध की गुणवत्ता, शोध पद्धति तथा विषय की सामाजिक प्रासंगिकता की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि यह शोध समकालीन भारतीय कला के क्षेत्र में लैंगिक असमानता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर गहन प्रकाश डालता है, जो उत्तर प्रदेश के संदर्भ में विशेष रूप से प्रासंगिक है। सेमिनार में महाविद्यालय की प्रबंध समिति के सदस्य, शोध समिति के पदाधिकारी, अन्य शोधार्थी तथा विभाग की छात्राएं उपस्थित रहीं। चित्रकला विभाग की छात्रा कुं. निधि सिंहवाल ने भी कार्यक्रम में सक्रिय सहयोग प्रदान किया। निशा रानी की इस उपलब्धि पर महाविद्यालय परिवार ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं। यह उपलब्धि न केवल व्यक्तिगत स्तर पर गौरव का विषय है, बल्कि महिला शिक्षा एवं समकालीन कला के क्षेत्र में शोध की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।




