रिपोर्ट महिपाल शर्मा l
देवभूमि उत्तराखंड के स्कूलों में आने वाले समय में गीता, वेद-पाठ, रामायण पढ़ाया जाएगा। इसके साथ ही स्कूलों में उत्तराखंड का इतिहास और भूगोल भी सिलेबस में शामिल किया जाएगा। इसी विषय को लेकर प्रदेश के शिक्षा मंत्री धन सिंह रावत ने शनिवार शाम गीता मनीषी महामंडलेश्वर स्वामी ज्ञानानंद महाराज से भीमगोड़ा स्थित आश्रम में मुलाकात की। उन्होंने बताया कि इसके लिए लोगों से भी सुझाव मांगे जा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि उत्तराखंड के स्कूलों में छात्रों को हिंदू दर्शन से जोड़ा जायेगा। स्कूलों में गीता वेद और उपनिषद पढाया जायेगा। जिससे की हिंदू संस्कृति और संस्कारों से छात्रों को जोड़ा जा सके। इस मौके पर गीता मनीषी महामंडलेश्वर स्वामी ज्ञानानंद महाराज ने कहा कि नई शिक्षा नीति में स्पष्ट है कि शैक्षिक पाठ्यक्रम राज्यों को तैयार करना है। सरकार भारतीय ज्ञान और परंपरा को स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल करने से पहले आम लोगों से इस पर सुझाव ले रही है जो सराहनीय कार्य है। इस मौके पर शिक्षा मंत्री को स्वामी ज्ञानानंद महाराज ने स्मृति चिन्ह व गीता भेंट की।




