ओवर रेट पर शराब बेचे जानी की शिकायत पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने मारा छापा l
देर आए दुरुस्त आए पर संबंधित विभाग के अधिकारी गहरी नींद सोते रहे तो वही आबकारी विभाग का जो काम है वह रुड़की ज्वाइंट मजिस्ट्रेट और तहसीलदार कर रहे हैं बता दे कि देर रात प्रशासनिक टीम के साथ जॉइंट मजिस्ट्रेट रुड़की ने शराब की दुकानों पर छापेमारी की। प्रशासनिक टीम द्वारा अचानक से छापेमारी किए जाने से शराब की दुकानदारों में हड़कंप मच गया। छापेमारी में ओवर रेटिंग एमआरपी से ज्यादा पैसे लिए जाने का मामला पकड़ा गया। मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार की देर रात जॉइंट मजिस्ट्रेट अंशुल सिंह और तहसीलदार चंद्रशेखर टीम के साथ बस स्टैंड स्थित और प्रकाश होटल के सामने शराब की दुकान पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान (ओवर रेटिंग ) एमआरपी से ज्यादा पैसा लिए जाने का मामला सामने आया है जिस पर जिस पर जॉइंट मजिस्ट्रेट द्वारा मामले में कार्रवाई के लिए आबकारी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं वही इसके बाद टीम रुड़की टॉकीज स्थित सिविल लाइन शराब की दुकान पर पहुंची और यहां भी छापेमारी के दौरान एमआरपी से ज्यादा रेट वसूली का मामला सामने आया। जॉइंट मजिस्ट्रेट अंशुल सिंह ने कहा कि किसी भी कीमत पर एमआरपी से ज्यादा वसूली बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जिन जिन शराब की दुकानों पर छापेमारी की गई है इनके खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। वही आपको बता दें कि यह कोई ताजा मामला नहीं है बहुत पहले से ही एमआरपी से ज्यादा रेट पर दुकानों पर शराब बेची जाती है जिस की सुध लेने के लिए आबकारी विभाग तैयार नहीं है।बीती रात जब ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अंशुल सिंह ने छापेमारी की तो आबकारी विभाग हरकत में आया हालांकि देखना होगा कि अब आगे की कार्यवाही ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ही करेंगे या फिर यह कहे कि आबकारी विभाग के अधिकारी अपनी गहरी नींद से जागेंगे क्योंकि इस छापेमारी से पहले UK भारत ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था उसके बाद भी आबकारी विभाग के अधिकारी कार्यवाही करने के लिए तैयार नहीं थे और बीती रात ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने तहसीलदार को साथ में लेकर यह छापेमारी की अब देखना होगा शराब की दुकानों पर OVER RETTING बंद होती है या नही या फिर भी एमआरपी से ज्यादा ही पैसा ग्राहकों से वसूला जाता रहेगा।




